वर्दी पहनते ही बढ़ जाती है जिम्मेदारी: नए सब-इंस्पेक्टरों को आईजी राम गोपाल गर्ग की सख्त सीख

बिलासपुर : बिलासपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) राम गोपाल गर्ग ने बुधवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से रेंज में पदस्थ नव-नियुक्त प्रशिक्षु उप निरीक्षकों (PSI) की समीक्षा बैठक ली। रक्षित केंद्र बिलासपुर स्थित चेतना भवन में आयोजित इस बैठक में पुलिस अधिकारियों के साथ रेंज के विभिन्न जिलों के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एवं पुलिस अधीक्षक भी वर्चुअल माध्यम से शामिल हुए।

बैठक का उद्देश्य नए पुलिस अधिकारियों को सेवा के प्रारंभिक चरण में ही बेहतर कार्यशैली, अनुशासन और जनसेवा के मूल सिद्धांतों से परिचित कराना था। आईजी गर्ग ने कहा कि पुलिस सेवा केवल नौकरी नहीं बल्कि जनता के विश्वास और कानून व्यवस्था की जिम्मेदारी है, जिसे पूरी निष्ठा और ईमानदारी के साथ निभाना आवश्यक है।

वर्दी की गरिमा बनाए रखने पर जोर

आईजी ने नव-नियुक्त अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि वर्दी धारण करने के बाद उनका हर व्यवहार पूरे पुलिस विभाग की छवि को प्रभावित करता है। उन्होंने अधिकारियों को अनुशासित जीवनशैली अपनाने, कानून का स्वयं पालन करने और ऐसा कोई कार्य न करने की सलाह दी जिससे पुलिस की साख पर आंच आए।

तकनीक और डिजिटल पुलिसिंग को बताया जरूरी

बैठक में आधुनिक पुलिसिंग के लिए तकनीकी दक्षता पर विशेष बल दिया गया। अधिकारियों को CCTNS, ई-साक्ष्य, सशक्त, आईओ मित्र और समाधान जैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म का प्रभावी उपयोग करने के निर्देश दिए गए। साथ ही साइबर अपराध, सोशल मीडिया और कंप्यूटर संचालन की बेहतर समझ विकसित करने पर भी जोर दिया गया।

फील्ड अनुभव और विवेचना कौशल बढ़ाने के निर्देश

नए उप निरीक्षकों को वास्तविक पुलिस कार्यप्रणाली समझने के लिए समन और वारंट तामील करने, पुरानी एफआईआर और चार्जशीट का अध्ययन करने तथा अनुभवी विवेचकों से सीखने की सलाह दी गई। अधिकारियों ने कहा कि मजबूत विवेचना ही न्याय प्रक्रिया की सफलता का आधार होती है।

जनता के प्रति संवेदनशीलता सबसे बड़ी जिम्मेदारी

आईजी गर्ग ने कहा कि थाने में आने वाला प्रत्येक व्यक्ति किसी समस्या या उम्मीद के साथ आता है। इसलिए उसकी बात धैर्यपूर्वक सुनना और उसे उचित कानूनी सहायता उपलब्ध कराना पुलिस की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने जनता के साथ संवाद और विश्वास कायम रखने को प्रभावी पुलिसिंग की कुंजी बताया।

डेली डायरी और विभागीय नियमों का पालन अनिवार्य

बैठक में सभी प्रशिक्षु अधिकारियों को विभागीय आचरण नियमों का कड़ाई से पालन करने और अपनी दैनिक गतिविधियों का नियमित रिकॉर्ड रखने के निर्देश दिए गए। वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा किसी भी समय डेली डायरी की जांच किए जाने की जानकारी भी दी गई।

नए बैच पर भविष्य की जिम्मेदारी

बैठक के समापन पर आईजी राम गोपाल गर्ग ने सभी नव-नियुक्त उप निरीक्षकों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि आने वाले 20 से 25 वर्षों में छत्तीसगढ़ पुलिस की कार्यशैली और छवि को मजबूत बनाने की बड़ी जिम्मेदारी इसी युवा बैच के कंधों पर है। उन्होंने सभी अधिकारियों से ईमानदारी, पारदर्शिता और जनसेवा की भावना के साथ कार्य करने का आह्वान किया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *