थाना में विद्यार्थियों ने सीखी जिम्मेदार नागरिक बनने की सीख, पुलिसिंग और नए कानूनों से हुए परिचित
रायगढ़: सामुदायिक पुलिसिंग को मजबूत करने और बच्चों में कानून के प्रति जागरूकता बढ़ाने की दिशा में रायगढ़ पुलिस ने एक सराहनीय पहल की। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह के मार्गदर्शन में थाना घरघोड़ा में जन मित्रम एस.पी. सिंह मेमोरियल स्कूल, बैहामुड़ा के छात्र-छात्राओं के लिए शैक्षणिक भ्रमण का आयोजन किया गया।
इस अवसर पर थाना प्रभारी निरीक्षक कुमार गौरव साहू ने विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए उन्हें पुलिस थाना की कार्यप्रणाली, आधुनिक पुलिसिंग प्रणाली तथा पुलिस द्वारा आम नागरिकों की सुरक्षा के लिए किए जाने वाले कार्यों की विस्तृत जानकारी दी। बच्चों को बताया गया कि किसी भी आपात स्थिति में पुलिस किस प्रकार त्वरित कार्रवाई करती है और नागरिकों की सहायता के लिए हमेशा तत्पर रहती है।
भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों को भारतीय न्याय संहिता (BNS), भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) तथा भारतीय साक्ष्य अधिनियम (BSA) सहित नए आपराधिक कानूनों की सरल भाषा में जानकारी दी गई। साथ ही उन्हें कानून का पालन करने और जिम्मेदार नागरिक बनने का संदेश भी दिया गया।
थाना प्रभारी ने साइबर अपराधों के बढ़ते मामलों को देखते हुए विद्यार्थियों को ऑनलाइन सुरक्षा के महत्वपूर्ण उपाय बताए। सोशल मीडिया का सुरक्षित उपयोग, अनजान लिंक पर क्लिक न करना, ओटीपी और बैंकिंग संबंधी गोपनीय जानकारी किसी से साझा न करना तथा डिजिटल धोखाधड़ी से बचाव के तरीके विस्तार से समझाए गए।
कार्यक्रम के दौरान बच्चों को गुड टच और बैड टच के बारे में भी संवेदनशीलता के साथ जानकारी दी गई। उन्हें किसी भी प्रकार की अनुचित गतिविधि होने पर तुरंत अपने माता-पिता, शिक्षकों या पुलिस को सूचना देने के लिए प्रेरित किया गया।
विद्यार्थियों ने थाना परिसर का भ्रमण कर मालखाना, नियंत्रण कक्ष, रिकॉर्ड शाखा और अन्य महत्वपूर्ण व्यवस्थाओं को करीब से देखा। बच्चों ने पुलिस अधिकारियों से विभिन्न विषयों पर सवाल भी पूछे, जिनका सरल और रोचक तरीके से उत्तर दिया गया।
रायगढ़ पुलिस का कहना है कि इस तरह के शैक्षणिक भ्रमण का उद्देश्य बच्चों में कानून के प्रति सम्मान, सुरक्षा के प्रति जागरूकता और पुलिस के प्रति विश्वास विकसित करना है, ताकि वे भविष्य में जिम्मेदार एवं सजग नागरिक बन सकें।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह ने कहा कि “जागरूक और कानून की समझ रखने वाले बच्चे ही सुरक्षित, जिम्मेदार और सशक्त समाज की मजबूत नींव होते हैं। ऐसे जागरूकता कार्यक्रम आगे भी निरंतर आयोजित किए जाते रहेंगे।”

