तिरुपति में आज से शुरू हुआ श्री आंडाल तिरुवाडिपुरम उत्सव, 10 दिन तक होंगे विशेष धार्मिक आयोजन
तिरुपति: आंध्र प्रदेश के तिरुपति स्थित श्री गोविंदराज स्वामी मंदिर में आज से श्री आंडाल तिरुवाडिपुरम उत्सव की शुरुआत हो रही है। यह धार्मिक आयोजन 5 अगस्त से 14 अगस्त तक चलेगा। उत्सव के दौरान प्रतिदिन विशेष पूजा-अर्चना और धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन किया जाएगा।
हर दिन होंगे विशेष धार्मिक अनुष्ठान
उत्सव के दौरान प्रतिदिन सुबह श्री आंडाल का तिरुमंजनम किया जाएगा। इसके बाद शाम के समय मंदिर में विशेष धार्मिक कार्यक्रम और आस्थानम आयोजित किया जाएगा।
10 दिनों तक चलने वाले इस आयोजन को लेकर मंदिर में विशेष तैयारियां की गई हैं। श्रद्धालुओं के लिए यह उत्सव भगवान विष्णु की भक्ति परंपरा से जुड़ा महत्वपूर्ण अवसर माना जाता है।
कौन हैं आंडाल?
दक्षिण भारतीय वैष्णव परंपरा में आंडाल को भगवान विष्णु की परम भक्त और 12 आलवार संतों में एकमात्र महिला संत के रूप में सम्मान दिया जाता है। उनकी भक्ति रचनाओं में भगवान के प्रति प्रेम और पूर्ण समर्पण की भावना प्रमुख रूप से दिखाई देती है।
आंडाल से जुड़े धार्मिक उत्सव तमिल वैष्णव परंपरा में विशेष महत्व रखते हैं और तिरुपति में भी इन्हें पारंपरिक विधि से मनाया जाता है।
14 अगस्त को होगा समापन
श्री आंडाल तिरुवाडिपुरम उत्सव का समापन 14 अगस्त को होगा। इस दिन विशेष धार्मिक कार्यक्रमों के साथ उत्सव संपन्न किया जाएगा।
इस तरह सावन के पवित्र महीने में तिरुपति का यह आयोजन श्रद्धालुओं के लिए एक अलग धार्मिक आकर्षण लेकर आया है।
नोट: अलग-अलग पंचांग परंपराओं में धार्मिक तिथियों में अंतर हो सकता है। ऊपर दी गई आयोजन की तारीखें तिरुपति के उपलब्ध कार्यक्रम विवरण पर आधारित हैं।

