39 और 42 साल की सेवा के बाद वर्दी को सलाम, रायगढ़ पुलिस ने दो जांबाज जवानों को दी भावभीनी विदाई
रायगढ़: रायगढ़ जिला पुलिस के लिए मंगलवार का दिन भावनाओं और सम्मान से भरा रहा। लगभग चार दशक तक पुलिस विभाग में ईमानदारी और समर्पण के साथ सेवा देने वाले उप निरीक्षक हेतराम सिदार और आरक्षक निस्तोर तिर्की को सेवानिवृत्ति पर सम्मानपूर्वक विदाई दी गई। पुलिस कार्यालय में आयोजित सेवा सम्मान समारोह में दोनों अधिकारियों के योगदान को याद करते हुए उन्हें शाल और श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार सोनी ने दोनों अधिकारियों की अनुकरणीय सेवाओं की सराहना करते हुए कहा कि पुलिस विभाग में बिताए गए उनके वर्षों का अनुभव आने वाली पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत रहेगा। उन्होंने उनके स्वस्थ, सुखद और दीर्घायु जीवन की कामना करते हुए कहा कि सेवानिवृत्ति केवल सरकारी सेवा का अंत है, विभाग से उनका रिश्ता हमेशा बना रहेगा।
चार दशक तक निभाया वर्दी का फर्ज
रक्षित निरीक्षक अमित सिंह ने बताया कि हेतराम सिदार ने वर्ष 1984 में अविभाजित मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल से आरक्षक के रूप में पुलिस सेवा शुरू की थी। मेहनत और कार्यकुशलता के बल पर वे पदोन्नत होकर वर्ष 2014 में उप निरीक्षक बने। कोरबा, जांजगीर, बिलासपुर सहित कई जिलों में सेवाएं देने के बाद वर्ष 2025 में रायगढ़ स्थानांतरित हुए, जहां उन्होंने डीसीआरबी प्रभारी के रूप में अपनी जिम्मेदारियां निभाईं और इसी पद से सेवानिवृत्त हुए।
वहीं निस्तोर तिर्की ने वर्ष 1983 में जगदलपुर से आरक्षक के रूप में अपने पुलिस जीवन की शुरुआत की थी। वर्ष 1993 में उनका स्थानांतरण रायगढ़ हुआ। उन्होंने यातायात शाखा, कोतवाली, चौकी जोबी, जूटमिल, कापू, धरमजयगढ़ और लैलूंगा समेत कई थानों एवं इकाइयों में अपनी सेवाएं दीं। वे ट्रेजरी गार्ड धरमजयगढ़ से सेवानिवृत्त हुए। उनके पुत्र सिकंदर तिर्की भी वर्तमान में पुलिस विभाग में कार्यरत हैं, जिससे यह परिवार दूसरी पीढ़ी तक पुलिस सेवा से जुड़ा हुआ है।
भावुक हुआ विदाई समारोह
समारोह के दौरान दोनों सेवानिवृत्त अधिकारियों ने अपने लंबे सेवाकाल के अनुभव साझा किए। उप निरीक्षक हेतराम सिदार ने कहा कि पुलिस की वर्दी पहनकर समाज और देश की सेवा करना उनके जीवन का सबसे गौरवपूर्ण अध्याय रहा। वहीं निस्तोर तिर्की ने कहा कि विभाग से मिली पहचान और सम्मान हमेशा उनके साथ रहेगा तथा उन्हें गर्व है कि उनका पुत्र भी इसी सेवा को आगे बढ़ा रहा है।
कार्यक्रम में दोनों अधिकारियों के परिवारजन भी मौजूद रहे, जिससे समारोह और अधिक आत्मीय बन गया। अंत में पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने पुष्पगुच्छ भेंट कर दोनों का सम्मान किया और उनके उज्ज्वल एवं स्वस्थ भविष्य की शुभकामनाओं के साथ भावभीनी विदाई दी।

