रायपुर के टाउन हॉल में दिखा छत्तीसगढ़ का गौरव: वीरों की शहादत से विकास की नई तस्वीर तक, CM साय ने किया खास प्रदर्शनी का शुभारंभ
रायपुर: स्वतंत्रता दिवस के मौके पर राजधानी रायपुर का ऐतिहासिक टाउन हॉल छत्तीसगढ़ के गौरवशाली इतिहास, स्वतंत्रता संग्राम की यादों और बदलते प्रदेश की तस्वीर का साक्षी बना। कचहरी चौक स्थित टाउन हॉल में जनसंपर्क विभाग की ओर से सात दिवसीय छायाचित्र प्रदर्शनी शुरू की गई, जिसका शुभारंभ मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने किया।
प्रदर्शनी में छत्तीसगढ़ के स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों और जननायकों के संघर्ष से जुड़े दुर्लभ चित्रों व ऐतिहासिक दस्तावेजों के साथ प्रदेश की वर्तमान विकास यात्रा को भी प्रदर्शित किया गया है। मुख्यमंत्री ने प्रदर्शनी का अवलोकन करते हुए कहा कि आजादी की लड़ाई में छत्तीसगढ़ के वीरों के योगदान को नई पीढ़ी तक पहुंचाना समाज की जिम्मेदारी है।
स्वतंत्रता संग्राम से जुड़ी यादों को एक जगह किया गया प्रदर्शित
प्रदर्शनी में छत्तीसगढ़ के उन वीर नायकों और स्वतंत्रता सेनानियों की गाथाओं को जगह दी गई है, जिन्होंने ब्रिटिश शासन के खिलाफ संघर्ष में योगदान दिया। आंदोलन से जुड़े दस्तावेज, तस्वीरें और महत्वपूर्ण घटनाओं की जानकारी के जरिए दर्शकों को उस दौर की झलक दिखाई जा रही है।
महात्मा गांधी के छत्तीसगढ़ प्रवास और प्रदेश में हुए विभिन्न राष्ट्रीय एवं सामाजिक आंदोलनों से जुड़े प्रसंग भी प्रदर्शनी का हिस्सा हैं। इसका उद्देश्य विशेष रूप से युवाओं और विद्यार्थियों को प्रदेश के स्वतंत्रता इतिहास से जोड़ना है।
‘वंदे मातरम्’ की 150 साल की यात्रा भी आकर्षण
प्रदर्शनी में राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ की 150 वर्षों की यात्रा को भी विशेष रूप से प्रस्तुत किया गया है। इसके माध्यम से बताया गया है कि किस तरह ‘वंदे मातरम्’ स्वतंत्रता आंदोलन के दौर में राष्ट्रजागरण और देशभक्ति की भावना का प्रभावशाली स्वर बना।
इस खंड में गीत के ऐतिहासिक महत्व और स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान उसकी भूमिका को चित्रों एवं जानकारी के माध्यम से सामने रखा गया है।
इतिहास के साथ दिखेगा बदलते छत्तीसगढ़ का चेहरा
प्रदर्शनी सिर्फ स्वतंत्रता संग्राम तक सीमित नहीं है। इसमें राज्य में चल रही विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं और विकास कार्यों की झलक भी देखने को मिलेगी।
महिलाओं के आर्थिक सशक्तीकरण, किसानों के लिए योजनाओं, प्रधानमंत्री आवास योजना, युवाओं के लिए शिक्षा एवं कौशल के अवसर, अधोसंरचना विकास और सुशासन से जुड़े कार्यों को भी प्रदर्शनी में स्थान दिया गया है।
इस तरह एक ही परिसर में छत्तीसगढ़ के गौरवशाली अतीत से लेकर वर्तमान विकास और भविष्य की संभावनाओं तक की तस्वीर प्रस्तुत की गई है।
टाउन हॉल और शहीद स्मारक के लिए 50-50 लाख की घोषणा
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने रायपुर की दो महत्वपूर्ण ऐतिहासिक धरोहरों के लिए बड़ी घोषणा भी की। उन्होंने ऐतिहासिक टाउन हॉल और शहीद स्मारक के संरक्षण, सौंदर्यीकरण एवं नवीनीकरण के लिए 50-50 लाख रुपये देने की घोषणा की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐतिहासिक धरोहरें केवल पुरानी इमारतें नहीं हैं, बल्कि वे आने वाली पीढ़ियों को अपने इतिहास और संघर्ष से जोड़ने का माध्यम हैं। विकास के साथ विरासत का संरक्षण भी जरूरी है।
एआई तकनीक से पर्यटन और विरासत का नया अनुभव
प्रदर्शनी में आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल भी देखने को मिल रहा है। एआई आधारित पहल के जरिए आगंतुक छत्तीसगढ़ के प्रमुख पर्यटन और धार्मिक स्थलों की पृष्ठभूमि के साथ अपनी डिजिटल तस्वीर तैयार करा सकेंगे।
यह पहल खास तौर पर बच्चों और युवाओं को प्रदेश की सांस्कृतिक एवं पर्यटन विरासत से नए अंदाज में जोड़ने की कोशिश है।
डॉक्यूमेंट्री और विजिटर डायरी भी रहेगी
प्रदर्शनी स्थल पर राज्य की विकास यात्रा और विभिन्न योजनाओं पर आधारित डॉक्यूमेंट्री भी दिखाई जा रही है। इसके अलावा विजिटर डायरी में आम नागरिक अपने अनुभव और विचार दर्ज कर सकेंगे।
मुख्यमंत्री ने भी विजिटर बुक में अपने विचार दर्ज किए और प्रदर्शनी को प्रदेश के इतिहास तथा विकास यात्रा को समझने का उपयोगी माध्यम बताया।
21 अगस्त तक आम लोगों के लिए खुली रहेगी प्रदर्शनी
रायपुर के कचहरी चौक स्थित ऐतिहासिक टाउन हॉल में आयोजित यह प्रदर्शनी 15 अगस्त से 21 अगस्त 2026 तक आम नागरिकों के लिए खुली रहेगी। प्रदर्शनी का अवलोकन प्रतिदिन सुबह 10:30 बजे से रात 8 बजे तक किया जा सकेगा। इसी तरह के सात दिवसीय आयोजन टाउन हॉल में पिछले वर्षों में भी किए गए हैं।
मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों, खासकर युवाओं और विद्यार्थियों से प्रदर्शनी का अवलोकन करने की अपील की है, ताकि वे छत्तीसगढ़ के स्वतंत्रता संग्राम, वीर सेनानियों और राज्य की विकास यात्रा को करीब से जान सकें।

